Bhakti Shayari

Bhakti Shayari, भक्ति शायरी, Bhakti Status, Bhakti Quotes, Bhakti SMS, Bhakti Shayari In Hindi, भक्ति शायरी इन हिन्दी, Bhakti Status In Hindi, Bhakti Quotes In Hindi, Bhakti SMS In Hindi, Shayari

शिव से ही श्रृष्टि हैं, शिव से ही शक्ति हैं,
अति आनन्द सिर्फ़ शिव भक्ति हैं.

Bhakti Shayari

Bhakti Shayari


कहने की जरूरत नही, आना ही बहुत हैं,
शिव भक्ति में तेरा शीश झुकाना ही बहुत हैं.

Bhakti Shayari

जो कुछ हैं तेरे दिल में, सब उसको ख़बर हैं,
बन्दे तेरे हर हाल पर भगवान् शिव की नज़र हैं.


सागर मथ के सभी देवता अमृत पर ललचाए
तुम अभ्यंकर विष को पीकर नीलकंठ कहलाए


हर ओर सत्यम-शिवम-सुन्दरम,
हर हृदय में हर-हर हैं,
जड़ चेतन में अभिव्यक्त सतत
कंकर-कंकर में शंकर हैं.

भक्ति शायरी

पांच पहर काम (कर्म) किया, तीन पहर सोए,
एको घड़ी न हरी भजे तो मुक्ति कहाँ से होए


इतना सच्चा हो हमारा विश्वास,
हमारे हृदय में ” श्री राम” सदा करे वास.

Bhakti Shayari In Hindi

Bhakti Shayari In Hindi

Bhakti Status

नियत अच्छी हो तो, भक्ति भी सच्ची होती हैं,
भगवान हर हृदय में हैं, घरो में रखने की जरूरत नही होती हैं.


मन तुलसी का दास हैं, वृन्दावन हो धाम,
साँस-साँस में राधा बसे, रोम-रोम में श्याम.


देवो के देव, महादेव आपसे हैं विनती,
मेरी भी हो, आपके ख़ास भगतो में गिनती.


बैरागी बने तो जग छूटे,
सन्यासी बने तो छूटे तन,
कान्हा (कृष्ण) से प्रेम हो जाये
तो छूटे आत्मा के सब बन्धन.